विद्याभारती e पाठशाला

शिक्षण कौशल 22 – आदर्श विद्यालय रचना

शिक्षण कौशल 22 – आदर्श विद्यालय रचना
इस प्रकार की राष्ट्रीय शिक्षा प्रणाली का विकास करना है जिसके द्वारा ऐसी युवा पीढ़ी का निर्माण हो सके जो हिंदुत्वनिष्ठ एवं राष्ट्रभक्ति से ओतप्रोत हो शारीरिक प्राणिक मानसिक बौद्धिक एवं आध्यात्मिक दृष्टि से पूर्ण विकसित हों तथा जो जीवन की वर्तमान चुनौतियां का सामना सफलतापूर्वक कर सके और उसका जीवन ग्राम ,बनों ,गिरी कंदराओं एवं झुग्गी झोपड़ियों में निवास करने वाले दीन दुखी ,अभावग्रस्त अपने बांधवों को सामाजिक कुरीतियों शोषण एवं अन्याय से मुक्त करा कर राष्ट्र जीवन को समृद्ध संपन्न एवं सुसंस्कृत बनाने के लिए समर्पित हो

शिक्षण कौशल 22 – आदर्श विद्यालय रचना
शिक्षा में स्वयत्ता

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